भारत में कई जरूरी दस्तावेज होते हैं, जिनकी जरूरत अलग-अलग जगहों पर पड़ती है। इनमें आधार कार्ड, पैन कार्ड, राशन कार्ड और वोटर आईडी शामिल हैं। वोट डालने के लिए सभी नागरिकों के पास वोटर आईडी कार्ड होना जरूरी होता है। अब चुनाव आयोग ने वोटर आईडी से आधार लिंक करने को अनिवार्य कर दिया है।
अगर किसी को मतदान करना है, तो उसके पास निर्वाचन आयोग द्वारा जारी वोटर आईडी कार्ड होना आवश्यक है। हाल ही में 18 मार्च को हुई चुनाव आयोग की बैठक में वोटर आईडी को आधार से जोड़ने की अनुमति दे दी गई है।
चुनाव आयोग के अनुसार, संविधान के अनुच्छेद 326 और जनप्रतिनिधित्व अधिनियम की धारा 23(4), 23(5) और 23(6) के तहत ईपीआईसी (EPIC) को आधार से जोड़ा जाएगा।
लोगों के मन में यह सवाल उठ रहा है कि वोटर आईडी को आधार से कैसे लिंक किया जाएगा। फिलहाल, चुनाव आयोग ने इस संबंध में कोई दिशा-निर्देश जारी नहीं किए हैं, लेकिन जल्द ही इस प्रक्रिया की पूरी जानकारी साझा की जाएगी।
पैन कार्ड भारत में एक महत्वपूर्ण दस्तावेज है, जो बैंकिंग और टैक्स संबंधी कार्यों के लिए आवश्यक होता है। आयकर विभाग ने पैन कार्ड को आधार से लिंक करना अनिवार्य कर दिया है। जिनका पैन कार्ड आधार से लिंक नहीं होगा, वह निष्क्रिय हो जाएगा।
अब वोटर आईडी को आधार से लिंक करने की प्रक्रिया को भी जल्द लागू किया जाएगा, ताकि चुनाव प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी और प्रभावी बनाया जा सके।